Monday, July 6, 2026
Sardar Patel's Statute!
घोटालों का श्रीगणेश तो 2014 में गद्दी पर बैठते ही हो गई थी।
लगता है 26 मई 2014 में महामहिम राष्ट्रपति जब नरेंद्र मोदी को प्रधानमंत्री पद की शपथ दिलाई जा रही थी, शायद उसी दिन अपनी शपथ लेते समय मन नहीं मन दुनियां का सबसे बड़ा गब्बर बनने की कसम भी खाई होगी तभी तो भारत के प्रथम गृह मंत्री सरदार पटेल की सबसे ऊंची मूर्ति / स्टेच्यू बनाने का ठेका चीन को दिया।
अब जाकर स्टैच्यू की असली कीमत का पता चल पाया है जब चीन की एक वरिष्ठ पत्रकार ने बताया कि, " इस स्टेच्यू को चीन ने केवल 342 करोड़ में बनाकर भारत सरकार को दिया ।
जबकि हम भोले भाले लोगों को हमारे प्रधानमंत्री मोदी ने इसकी कीमत 3000 करोड़ बताई थी ।
आश्चर्य होता है कि इस बिल का ऑडिट तो CAG ने ही किया होगा लेकिन आज तक सत्य पर पर्दा ही पर्दा है ।
क्या हम 145 करोड़ भारतीय देश के प्रति समर्पण का भाव रखते हैं ? यदि हां तो एक भी भारतीय नागरिक ने इतने बड़े घोटाले की ओर ध्यान ही नहीं दिया ?
Subscribe to:
Post Comments (Atom)

No comments:
Post a Comment